ऑनलाइन रेत बेचेगा खनिज विकास निगम

प्रदेश सरकार ने भले ही पंचायतों को रेत खदानें सौंपने का फैसला कर लिया हो पर खनिज विकास निगम भी रेत बेचेगा। पूरा कारोबार ऑनलाइन होगा। इसके लिए निगम पोर्टल बनाएगा। इसमें बेचने और खरीदने वाले का पंजीयन कर रेत की आपूर्ति की जाएगी। यह व्यवस्था अगले कुछ महीनों में लागू हो जाएगी।
सूत्रों के मुताबिक खनिज विकास निगम रेत के कारोबार को पूरी तरह से अपने हाथ से नहीं जाने देना चाहता है। यही वजह है कि विरोधों के बावजूद रेत की प्रति घनमीटर कीमत तय करने की भूमिका में उसने स्वयं को भी रखा है। हर दो से तीन साल में रेत की कीमत तय होगी।
इसके साथ ही निगम रेत के ऑनलाइन कारोबार में भी उतरेगा। सचिव खनिज मनोहर दुबे ने बताया कि निगम एक ऑनलाइन पोर्टल तैयार करेगा। इसमें ऑनलाइन शॉपिंग की तरह रेत का कारोबार होगा। जिसे रेत चाहिए वो पोर्टल पर अपनी मांग दर्ज कराकर ऑनलाइन भुगतान करेगा।
इसी तरह जो व्यक्ति रेत बेचना चाहता है वो भी पोर्टल पर पंजीयन कराएगा। खरीदार की मांग संबंधित रेत विक्रेता के पास जाएगी और वो रेत की आपूर्ति सुनिश्चित कर देगा। इस पूरी व्यवस्था को लागू करने के लिए सॉफ्टवेयर तैयार कराया जा रहा है। आने वाले कुछ महीनों में यह व्यवस्था शुरू हो जाएगी।

राष्ट्रपति चुनाव के बाद विकिलीक्स के साथ ट्विटर पर हुए निजी संवादों की एक श्रृंखला जारी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सबसे बड़े बेटे ट्रंप जूनियर ने 2016 में राष्ट्रपति चुनाव के बाद विकिलीक्स के साथ ट्विटर पर हुए निजी संवादों की एक श्रृंखला जारी की है।
उन्होंने यह श्रृंखला उस रिपोर्ट के सामने आने के बाद जारी की है, जिसमें आरोप लगाया गया था कि वह इस समूह से गोपनीय तरीके से जुड़े हुए थे।
विकिलीक्स ने पिछले साल अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के दौरान हिलेरी क्लिंटन के कई ई-मेल प्रकाशित कर दिए थे। अमेरिकी राष्ट्रपति के बेटे ने बताया कि यह विकिलीक्स के साथ सितंबर 2016 से जुलाई 2017 तक हुए ट्विटर पर हुए सीधे संवादों की एक कड़ी है।
इन संवादों में गोपनीयता विरोधी समूह ने ट्रंप अभियान के लिए सूचना का प्रबंध करने और हिलेरी क्लिंटन पर किए गए रहस्योद्घाटन के प्रभाव को बढ़ाने की पेशकश की थी।
ट्रंप जूनियर ने इन संवादों को ट्विटर पर भी पोस्ट किया है। इसमें विकिलीक्स द्वारा उन्हें भेजे गए दर्जनों संदेश शामिल हैं। हालांकि ट्रंप जूनियर ने सिर्फ तीन संदेशों पर ही प्रतिक्रिया दी थी।
अधिकतर को उन्होंने नजरअंदाज किया था। संवादों से पता चलता है कि विकिलीक्स ने ट्रंप जूनियर को एक नई ट्रंप-विरोधी वेबसाइट की जानकारी दी थी।
विकिलीक्स ने ट्रंप जूनियर से अपने पिता से हिलेरी क्लिंटन के दस्तावेजों पर ट्वीट कराने की अपील की थी।

पराली जलाना भी है एक वजह दिल्ली-एनसीआर में हो रहे प्रदूषण की

दिल्ली-एनसीआर में हो रहे प्रदूषण की एक वजह पराली जलाना भी है और इसी मुद्दे पर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर से मुलाकात करेंगे। उनकी इस मुलाकात को लेकर पंजाब के मुख्मयंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अरविंद केजरीवाल पर फिर निशाना साधा है।
अमरिंदर सिंह ने कहा है कि सड़क छाप राजनीति करने वाले केजरीवाल मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकाना चाहते है। कैप्टन बोले कि केजरीवाल अच्छी तरह जानते हैं कि उनके साथ बैठक कर समस्या का हल नहीं निकलने वाला है।
बता दें कि केजरीवाल हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल के साथ बैठक करने के लिए चंडीगढ़ रवाना हो चुके हैं और उन्होंने इस बैठक में शामिल होने के लिए कैप्टन को भी निमंत्रण दिया था। इसके अलावा केजरीवाल ने ट्वीट कर कैप्टन से मिलने का समय भी मांगा था। पिछली बार की तरह कैप्‍टन ने एक बयान जारी कर कहा कि पराली को लेकर केजरीवाल को राजनीतिक नहीं करनी चाहिए।
कैप्टन ने कहा कि केजरीवाल को अच्छी तरह से पता है कि पराली मुद्दे पर उनके साथ बैठक करने का कोई नतीजा नहीं निकलना है। इसके बावजूद यह कहना मुश्किल है कि केजरीवाल इस मुद्दे में अपना हाथ क्यों काला करना चाह रहे है। कैप्टन ने कहा कि सड़क छाप राजनीतिक करने वाले अरविंद केजरीवाल इस मुद्दे पर दिल्ली सरकार की असफलता से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए यह राजनीतिक हथकंडा अपना रहे हैं।
कैप्टन ने कहा कि जिस तरह ऑड एंड ईवन स्कीम पर दिल्ली सरकार पलट गई वैसे ही उसका अन्य मुद्दों पर भी कोई स्टैंड नहीं है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में जो प्रदूषण की समस्या है वह अनियमित शहरी विकास, अनियमित परिवहन तथा औद्योगीकरण के कारण है। केजरीवाल को इन मुद्दों पर फोकस करना चाहिए न कि केवल कोरी राजनीति।
कैप्टन ने कहा ‘मेरे पास ऐसी राजनीति के लिए समय नहीं है।’ उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार इस मुद्दे पर केंद्र सरकार से बातचीत करके हल निकालने की कोशिश में जुटी हुई है। अत: केजरीवाल को भी इस मुद्दे पर केंद्र सरकार से बातचीत करनी चाहिए।
यह दूसरा मौका है जब कैप्टन ने केजरीवाल को स्पष्ट शब्दों में बैठक करने से मना कर दिया है। इससे पूर्व भी केजरीवाल ने जब ट्वीट कर कैप्टन से मिलने का समय मांगा था तो कैप्टन ने कहा था कि उनसे बैठक करके समस्या का हल निकलने वाला नहीं है। केजरी ने फिर ट्वीट किया तो कैप्टन ने कड़े शब्दों में कहा था कि केजरीवाल अजीब शख्स हैैं जो हर मुद्दे पर अपनी राय तो देते हैैं लेकिन समस्या का समझते नहीं है।

राजस्थान में बोरवेल एक बच्चे की मौत का कारण बन गया।

राजस्थान में सवाई माधोपुर जिले के मलारना डूंगर में एक बार फिर एक बोरवेल एक बच्चे की मौत का कारण बन गया। यहां मंगलवार रात बोरवेल में गिरे पांच साल के अमन को बचाव दलों ने 12 घंटे की मशक्कत के बाद आखिर निकाल तो लिया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका।
घटना मंगलवार रात हुई जब अमन यहां खेत में खुले पड़े एक बोरवेल में गिर गया। बोरवेल करीब 230 फुट गहरा है और अमन 30 फुट की गहराई पर अटक गया था। कैमरे में बोरवेल में एक सांप भी नजर आ रहा था। यह खेत गांव के पूर्व सरपंच का है और अमन के पिता ने आरोप लगाया कि उसने कई बार इस बोरवैल को बंद कराने के लिए उसे कहा था, लेकिन उसने बंद नहीं कराया।
पूरी रात चले बचाव अभियान के बाद बुधवार सुबह अमन को बोरवेल से निकाल लिया गया और इसे अस्पताल भेजा गया, लेकिन यहां उपचार के दौरान ही उसकी मौत हो गई। 15 दिन पहले बीमारी के चलते अमन की बहन की मौत हो गई थी।

इंदौर के सुयश दीक्षित ने बर्थ-डे गिफ्ट में पिता को बनाया प्रधानमंत्री खुद को बनाया राजा बनाया नया देश

शहर के सुयश दीक्षित ने सूडान और मिस्त्र के बीच 800 वर्ग मील के क्षेत्र पर अपना झंडा लगाकर उसे ‘किंगडम ऑफ दीक्षित’ घोषित किया है। उन्होंने खुद को इस गैर दावाग्रस्त इलाके का राजा बताते हुए संयुक्त राष्ट्र से उनके नए देश को मान्यता देने की बात कही है। इतना ही नहीं सुयश ने एक वेबसाइट बनाकर लोगों से इस देश की नागरिकता के लेने का आवदेन करने को भी कहा है।
जानकारी के मुताबिक ये यह पूरा इलाका रेगिस्तानी है, जो मिस्त्र और सूडान की दक्षिणी सीमा से लगा हुआ है। मिस्त्र और सूडान इसे अपना इलाका नहीं मानते। मिस्त्र का मानना है कि 800 वर्ग मील का यह इलाका सूडान का है, तो सूडान यह मानता है कि यह मिस्त्र का है।
सुशय ने अपने फेसबुक जब पहली बार उस क्षेत्र पर दावा करते हुए तस्वीरें डाली तो पूरी दुनिया में हलचल मच गई। उन्होंने अपनी कहानी भी शेयर की है, जिसमें सुयश ने बताया है कि वे 319 किमी का सफर कर यहां तक पहुंचे। उनके अनुसार रेगिस्तानी क्षेत्र में पहुंचने के लिए कोई सड़क भी नहीं थी। यहां आकर उन्होंने पौधा लगाने के लिए बीज बोया और उसे पानी दिया। सुशय का कहना है कि यहां पौधे का बीज लगाकर अब मैं यह दावा करता हूं कि यह सारी जगह मेरी है।
सुयश ने अपने पिता को बर्थ-डे का‍ गिफ्ट देते हुए उन्हें ‘किंगडम ऑफ दीक्षित’ का प्रधानमंत्री बनाया है। उन्होंने एक वेबसाइट भी बनाई है, जिस पर इस नए देश की नागरिकता के लिए लोग रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।

फीफा अंडर-17 विश्व कप को देश भर में 4.7 करोड़ लोगों ने देखा

भारत की मेजबानी में हुए फीफा अंडर-17 विश्व कप को देश भर में 4.7 करोड़ लोगों ने देखा। यह आंकड़ा ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल (बार्क) ने जारी किया है। भारत में पहली बार आयोजित अंडर-17 विश्व कप का प्रसारण भारत में सोनी पिक्चर्स नेटवर्क (एसपीएन) पर किया गया था।
यह भारत में फुटबॉल के कई बड़े टूर्नामेंटों, जैसे फीफा कंफेडेरेशन कप-2017, इंग्लिश प्रीमियर लीग-2017, स्पेनिश लीग 2016-17 को देखने वाले दर्शकों की तादाद से कहीं ज्यादा है। 22 दिन तक चले इस टूर्नामेंट में दर्शकों की कुल तादाद का 40 फीसदी हिस्सा हिंदी और बंगाली भाषा में प्रसारण देखने वाले दर्शकों का था।
कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में 28 अक्टूबर को इंग्लैंड और ब्राजील के बीच खेले गए अंडर-17 विश्व कप के फाइनल को देखने 67 हजार लोग पहुंचे थे। विश्व कप को देखने वालों की सबसे ज्यादा तादाद पश्चिम बंगाल, केरल और पूर्वोत्तर राज्यों से थी।
वहीं, मेट्रो शहरों में भी विश्व कप ने लोगों को अपनी तरफ खींचा। रेटिंग के अनुसार 45 फीसदी महिलाओं ने भी विश्व कप में अपनी दिलचस्पी जताई।

नासा ने सौर मंडल के सबसे बड़े ग्रह बृहस्पति की भेजी तस्वीरें

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के जूनो यान ने सौर मंडल के सबसे बड़े ग्रह बृहस्पति के दक्षिणी गोलार्ध की तस्वीरें भेजी हैं।
इन तस्वीरों में रंग-बिरंगे बादल दिखाई दे रहे हैं जो ग्रह का चक्कर लगा रहे आठ बड़े बादलों का हिस्सा हैं। जूनो ने ये तस्वीरें पिछले माह नौवीं बार बृहस्पति के बेहद करीब जाकर जानकारी इकट्ठा करने के दौरान ली थीं।
इन तस्वीरों को लेते वक्त जूनो बृहस्पति ग्रह के बादलों के ऊपर 33,115 किलोमीटर की दूरी पर था। नासा ने जूनो अंतरिक्ष यान को 5, अगस्त 2011 को लांच किया था।
करीब पांच साल बाद इसने जुलाई 2016 में बृहस्पति की कक्षा में प्रवेश किया था। जूनो का मुख्य काम बृहस्पति ग्रह की उत्पत्ति और विकास का अध्ययन करना है।
घने बादलों से ढके होने के कारण इस ग्रह की उत्पत्ति रहस्य बनी हुई है। जूनो द्वारा जुटाए गए आंकड़ों से अन्य तारों की ग्रह प्रणाली का पता भी लग सकता है।

राष्ट्रपति की बेटी स्वाति अपने नाम के साथ नहीं लिखती सरनेम

एयर इंडिया ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की बेटी स्वाति को एयर होस्टेस के काम से हटाकर ग्राउंड ड्यूटी में लगा दिया है। अब एअर इंडिया के हेड ऑफिस के को-ऑर्डिनेटर डिपार्टमेंट में शिफ्ट किया गया है। एयर इंडिया के प्रवक्ता ने बताया कि विमानन कंपनी ने सुरक्षा कारणों से यह फैसला किया है।
वे यूरोप, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और ईस्ट में जाने वाली फ्लाइट्स में जाती थीं। स्वाति कभी भी अपने नाम के साथ अपना सरनेम कोविंद नहीं लिखती थीं। अपनी पहचान छुपाई की बात पर उन्होंने कहा था कि बचपन से ही पिता ने उन्हें स्वावलंबी बनने की सीख दी है, इसलिए अपनी पहचान छिपाई।
उनसे जुड़े सूत्रों के अनुसार, असल में स्वाति कभी भी अपने पिता के राजनीतिक पद का फायदा नहीं उठाना चाहती थीं। स्वाति के क्रू मेंबर को ही अब तक ये जानाकारी नहीं थी कि उनके पिता रामनाथ कोविंद हैं। बताते चलें कि राम नाथ कोविंद 20 जुलाई 2017 को भारत के 14वें राष्ट्रपति बने हैं।
स्वाति ने बीते दिनों प्रिवलेज लीव के लिए अप्लाई किया, तब भी उन्होंने ये नहीं बताया कि वे अपने पिता के राष्ट्रपति चुनाव के लिए छुट्टी ले रही हैं।
मीड‍िया र‍िपोर्ट्स के मुताबिक, एअर इंड‍िया के एक सूत्र ने बताया था कि स्वाति हमारे सबसे अच्छे क्रू मेंबर्स में से एक हैं। उनके ऑफिशियल रिकॉर्ड्स में भी मां का नाम सविता और पिता का नाम आरएन कोविंद लिखा गया है।

भीषण जहरीली हवा में जी रहे दिल्ली-एनसीआर के लोगों को जल्द ही मिलने वाली है राहत

दिवाली के बाद प्रदूषण और पिछले एक सप्ताह से स्मॉग के चलते भीषण जहरीली हवा में जी रहे दिल्ली-एनसीआर के लोगों को जल्द ही इससे राहत मिलने वाली है। अगले 24 घंटे में बारिश से स्मॉग खत्म हो जाएगा और हवा में प्रदूषण का स्तर भी घटेगा।
बताया जा रहा है कि पिछले एक सप्ताह से कोहरे और कुहासे से परेशान रहे दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए यह वेस्टर्न डिस्टरबेंस साफ हवा का तोहफा लेकर आ रहा है। इसकी वजह से दिल्ली-एनसीआर में हवाएं शुरू हो चुकी हैं।
इसका नजारा मंगलवार सुबह देखने को भी मिला। आज सुबह कई इलाकों में हवाएं चल रही थीं, इससे स्मॉग नहीं के बराबर था। वहीं, दिल्ली के रायसीना हिल्स में मंगलवार सुबह हल्का स्मॉग नजर आया। लोगों ने सांस लेने में दिक्कत की शिकायत भी की है।
वहीं, मौसम विभाग के हवाले से जानकारी आ रही है कि अगले 24 से 48 घंटे में यहां पर बादलों की आवाजाही शुरू हो जाएगी और कई इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है। ऐसे में तेज हवा और फिर बारिश होने के चलते अगले कुछ दिनों में दिल्ली-एनसीआर में स्मॉग खत्म हो जाएगा।
वहीं, मौसम विभाग की मानें तो उत्तर भारत में एक वेस्टर्न डिस्टरबेंस ने दस्तक दी है, जिसकी वजह से पंजाब और जम्मू-कश्मीर में मौसम में बदलाव है।
मौसम विभाग का यह भी कहना है कि इस वेस्टर्न डिस्टरबेंस के चलते अगले तीन-चार दिनों तक जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश और बर्फबारी की संभावना है।
मौसम विभाग की मानें तो दिल्ली-एनसीआर में 14 नवंबर से लेकर 16 नवंबर तक दिल्ली-एनसीआर में रात के तापमान में अचानक गिरावट दर्ज की जाएगी। ऐसा अनुमान है कि यहां पर रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस के आसपास होने लगेगा।

शान-ए-भोपाल एक्सप्रेस बढ़ा दी देश भर में भोपाल की शान

बेहतर यात्री सुविधाओं के लिए हमेशा सुर्खियां बटोरने वाली शान-ए-भोपाल एक्सप्रेस ने देश भर में भोपाल की शान बढ़ा दी है। इस ट्रेन को रेलवे बोर्ड ने आदर्श ट्रेन का दर्जा (मेल एक्सप्रेस श्रेणी की ट्रेनों में) दिया है। अब इस ट्रेन की तर्ज पर हर मंडल की दो-दो ट्रेनों को अपग्रेड किया जाएगा।
यानी भोपाल एक्सप्रेस में यात्रियों को जो सुविधा दी जा रही हैं वे ही सुविधाएं अगले छह महीने में प्रत्येक मंडल की दो-दो ट्रेनों में यात्रियों को मिलेंगी। बोर्ड ने इसके लिए सभी जोन के जीएम को पत्र लिखकर भोपाल एक्सप्रेस से सीख लेने की सलाह दी है। 20 नवंबर तक मंडल स्तर से दो-दो ट्रेनों के नाम मंगाए हैं।
शान-ए-भोपाल एक्सप्रेस (12155/12156) बीते 18 साल से राजधानी भोपाल के हबीबगंज स्टेशन से हजरत निजामद्दीन के बीच चल रही है। ट्रेन में कैटरिंग सुविधा नहीं है फिर भी यह ट्रेन यात्रियों को खूब पसंद आ रही है। तमाम सर्वे और यात्रियों के फीडबैक के बाद रेलवे बोर्ड ने यह पाया है कि भोपाल एक्सप्रेस सबसे अच्छी ट्रेन है।
रेलवे बोर्ड के एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर (ई एंड आर) विकास आर्य 8 नवंबर को रेलवे के सभी जोन के जीएम को लिखे पत्र में शान-ए-भोपाल एक्सप्रेस को आदर्श बताते हुए मंडल स्तर पर दो-दो ट्रेनों का चयन कर 20 नवंबर तक उनके नाम बोर्ड को भेजने को कहा है।
ट्रेन में ये सुविधाएं सबसे अलग
– कोच में यात्रियों को ग्रीन-टी, लेमन-टी, शूप की सुविधा दी गई है।
– फर्स्ट एसी में मखबली कंबल मिलते हैं। (अभी इंडियन रेलवे की किसी भी ट्रेन में यात्रियों को ऐसे कंबल नहीं मिलते।)
– चुनिंदा कोचों में वॉटर वेंडिंग व कॉफी मशीनें हैं।
– डायबिटिक मरीजों के लिए लो-शुगर-टी की सुविधा दी गई है।
– कोच में यात्रियों के लिए नि:शुल्क लाइब्रेरी है। पब्लिक एड्रेसिंग सिस्टम का ट्रायल चल रहा है।
– जोन में ट्रेन सबसे पहले बायो टॉयलेट युक्त ट्रेन घोषित की है, टॉयलेट के अंदर डस्टबिन की सुविधा है।
– कोच में फ्लावर पॉट लगाए हैं, शौचालय में हैंड सावर की सुविधा है।
– ट्रेन में वाइल्ड लाइफ से जुड़ी तस्वीरें लगाई गईं हैं।