ओडिशा के एक युवा खिलाड़ी ने बनाया मुक्‍केबाजी का नया कीर्तिमान

ओडिशा के एक युवा खिलाड़ी ने मुक्‍केबाजी का नया कीर्तिमान बनाया है। सत्‍यपीरा प्रधान ने एक मिनट में 393 सिंगल पंच मारे और पाकिस्‍तानी मार्शल आर्ट के छात्र मुहम्‍मद रशीद का रेकार्ड तोड़ा।
सत्‍यपीरा साइकोथैरेपी के छात्र हैं और अब वे अपना नाम गिनीज बुक में दर्ज किए जाने का इंतजार कर रहे हैं।
उनको छह महीने पहले इस रेकार्ड के बारे में पता चला था। इसके बाद उन्‍होंने इसे चुनौती देने की ठानी।
गिनीज बुक वर्ल्‍ड रेकार्ड से अनुमति मिलने के बाद उन्‍होंने इसे गत 5 जून को आजमाया।
इसके लिए एक इवेंट आयोजित किया और उसका एक वीडियो बनाकर गिनीज बुक के पास भेजा ताकि वे इसकी प्रमाणिकता की जांच कर सकें।
प्रधान ने एक मिनट का वीडियो शूट किया है जिसमें वे सीधे हाथ से पंच करते नज़र आ रहे हैं।
इस दौरान कुल 398 पंच गिने गए हैं। उन्‍होंने बताया कि पांच पंच ऐसे थे जिनके बारे में हम श्‍योर नहीं थे इसलिए उन्‍हें गिना नहीं गया है।

भारतीय क्रिकेट टीम के चीफ कोच अनिल कुंबले ने दिया इस्तीफा

भारतीय क्रिकेट टीम के चीफ कोच अनिल कुंबले ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। बीसीसीआई ने कुंबले द्वारा इस्तीफा देने की पुष्टि कर दी। बोर्ड के क्रिकेट ऑपरेशंस (महाप्रबंधक) एमवी श्रीधर को वेस्टइंडीज दौरे पर टीम प्रबंधन का प्रमुख नियुक्त किया है।
कुंबले इसी के चलते भारतीय टीम के साथ मंगलवार सुबह वेस्टइंडीज के दौरे पर रवाना नहीं हुए। पहले यह बताया गया था कि वे आईसीसी की 22 व 23 जून को होने वाली बैठक के चलते अभी टीम के साथ नहीं गए है और 23 जून के बाद टीम के साथ जुड़ेंगे ।
भारतीय क्रिकेट टीम को वेस्टइंडीज में 23 जून से पांच वन-डे मैच और एक टी20 मैच की सीरीज खेलनी है। इसके लिए भारतीय टीम सुबह वेस्टइंडीज के लिए रवाना हुई। लेकिन टीम के रवाना होते वक्त चीफ कोच कुंबले खिलाड़‍ियों के साथ नहीं थे, जबकि उनका टिकट भी रिजर्व था। इसे लेकर यह अटकलें लगाई जाने लगी कि कप्तान कोहली के साथ खराब संबंधों के चलते वे टीम के साथ नहीं गए हैं।

अगले साल अधिकांश शीर्ष सदस्यों के व्यस्त होने से आईसीसी ने 2018 टी-20 विश्व कप रद्द कर दिया

अगले साल अधिकांश शीर्ष सदस्यों द्वारा द्विपक्षीय सीरीज में व्यस्त होने से आईसीसी ने 2018 टी-20 विश्व कप रद्द कर दिया है। यह टूर्नामेंट दक्षिण अफ्रीका में प्रस्तावित था, लेकिन स्थानीय सरकार व क्रिकेट संघ की तनातनी के कारण इसे कहीं और कराने की योजना बन रही थी। हर 2 साल में होने वाला यह टूर्नामेंट भारत में 2016 में होने के 4 साल बाद सीधे 2020 में होगा।
अब तक दक्षिण अफ्रीका (2007), इंग्लैंड (2009), वेस्टइंडीज (2010), श्रीलंका (2012), बांग्लादेश (2014) और भारत (2016) में टी-20 विश्व कप आयोजित हो चुका है। द्विपक्षीय सीरीज से सभी देशों को कमाई होती है जिसका बड़ा हिस्सा प्रसारण करार से आता है, विशेषकर जब भारत किसी देश का दौरा करता है तो मेजबान बोर्ड टीवी प्रसारण अधिकार से लाखों डॉलर की कमाई करता है।
भारत को 18.5 अरब की जगह 27 अरब रुपए देने को तैयार आईसीसी
चैंपियंस ट्रॉफी के खत्म होने के तुरंत बाद लंदन में ही सोमवार से आईसीसी की वार्षिक कांफ्रेंस होगी जिसमें भारत की तरफ से कार्यवाहक सचिव अमिताभ चौधरी और सीईओ राहुल जौहरी भाग लेंगे। इसमें भारत को आईसीसी से मिलने वाले वार्षिक राजस्व पर मुहर लगेगी। दुबई में अप्रैल में हुई बैठक में भारत को आईसीसी के संचालन ढांचे में बदलाव के मतदान में 1-9 से शिकस्त झेलनी पड़ी थी।
यही नहीं राजस्व मॉडल के विरोध को लेकर बीसीसीआई की आपत्ति को भी आईसीसी बोर्ड ने 8-2 से खारिज कर दिया था। उस बैठक में भारत का हिस्सा 57 करोड़ डॉलर (करीब 37 अरब रुपए) की जगह 29.3 करोड़ डॉलर (लगभग 18.5 अरब रुपए) कर दिया गया था। तब आईसीसी के स्वतंत्र चेयरमैन शशांक मनोहर ने बीसीसीआई को अतिरिक्त 10 करोड़ डॉलर (लगभग छह अरब, 43 करोड़ रुपए) के राजस्व की पेशकश की थी लेकिन उसे बीसीसीआई ने खारिज कर दिया था।
बीसीसीआई सूत्रों के मुताबिक एक बार फिर भारतीय पदाधिकारियों ने मनोहर से बात की है और यह भारत को 29.3 करोड़ डॉलर की जगह 40.5 करोड़ डॉलर (लगभग 27 अरब रुपए) देने पर सहमति बन गई है।
विश्व टेस्ट चैंपियनशिप पर भी चर्चा
सूत्रों के मुताबिक इस वार्षिक सम्मेलन में विश्व टेस्ट चैंपियनशिप पर भी चर्चा हो सकती है। आईसीसी लंबे समय से सभी प्रारूपों में कम से कम एक विश्व प्रतियोगिता शुरू करने की योजना बना रहा है।

हॉकी में जहां पाकिस्तान पर अपनी सबसे बड़ी जीत दर्ज की, वहीं क्रिकेट के मैदान में सबसे बड़ी हार का सामना करना पड़ा

भारत के लिए इंग्लैंड में रविवार का दिन खेलों के लिहाज मिश्रित सफलता वाला रहा। भारत ने हॉकी में जहां पाकिस्तान पर अपनी सबसे बड़ी जीत दर्ज की, वहीं क्रिकेट के मैदान में उसे इसी देश से सबसे बड़ी हार का सामना करना पड़ा।
हॉकी में 7-1 से रौंदा : दुनियाभर की निगाहें जब भारत और पाकिस्तान के बीच आइसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के खिताबी मुकाबले पर टिकी हुई थीं तो लंदन में दूसरी ओर भारतीय हॉकी टीम ने पाक को 7-1 से रौंदा। भारतीय टीम ने वर्ल्ड लीग हॉकी सेमीफाइनल्स के पूल बी मैच में पाक को 7-1 से रौंदकर जीत की हैटट्रिक पूरी कर ली। यह भारत की पाक पर हॉकी में सबसे बड़ी जीत है। इससे पहले वह दो बार पाकिस्तान को 7-4 से हरा चुका था।
भारतीय टीम रविवार को इस जीत के साथ पूल बी में नौ अंकों के साथ क्वार्टर फाइनल में पहुंच गई। भारत के लिए हरमनप्रीत सिंह, तलविंदर सिंह और आकाशदीप सिंह ने दो-दो गोल दागे। हरमनप्रीत ने (13वें और 33वें), तलविंदर (21वें और 24वें) और आकाशदीप (47वें और 59वें मिनट) ने गोल किए। प्रदीप मोर ने भी 49वें मिनट में गोल किया। पाकिस्तान के लिए 57वें मिनट में मोहम्मद उमर भुट्टा ने पेनल्टी कॉर्नर की बदौलत एकमात्र गोल किया।
क्रिकेट में करारी हार : भारत ने हॉकी में तो जीत दर्ज कर ली थी, लेकिन क्रिकेट के बहुप्रतिक्षित मुकाबले में उसे शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा। पाकिस्तान ने भारत को 180 रनों से रौंदकर पहली बार चैंपियंस ट्रॉफी खिताब अपने नाम किया। इससे पहले पाकिस्तान की भारत पर सबसे बड़ी जीत 159 रनों से थी, जो उसने दिल्ली में 2005 में दर्ज की थी। भारत के नाम आईसीसी फाइनल्स में भी सबसे शर्मनाक हार का रिकॉर्ड दर्ज हुआ।
पाकिस्तान ने चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल में टॉस हारने के बाद फखर जमान (114), अजहर अली (59) और मोहम्मद हफीज (57 नाबाद) की दमदार बल्लेबाजी से 4 विकेट पर 338 रन बनाए। जवाब में मोहम्मद आमिर (16/3) और हसन अली (19/3) की घातक गेंदबाजी के सामने भारत की पारी 30.3 ओवरों में 158 रनों पर सिमट गई और पाक ने रिकॉर्ड 180 रनों से मुकाबला अपने नाम किया।

भारतीय टीम विश्व हॉकी लीग सेमीफाइनल्स में बड़ी जीत के साथ शुरुआत का लक्ष्य रखेगी

मनप्रीत सिंह की अगुआई वाली भारतीय टीम गुरुवार को जब विश्व हॉकी लीग सेमीफाइनल्स (एचडब्ल्यूएल) में अपने से कम रैंकिंग वाली स्कॉटलैंड के खिलाफ मैदान में उतरेगी तो उसका लक्ष्य बड़ी जीत के साथ अपने अभियान की शुरुआत करने का होगा।
भारत रैंकिंग में पांचवें और स्कॉटलैंड 23वें नंबर पर है। एचडब्ल्यूएल सेमीफाइनल्स के जरिए रोलैंट ओल्टमैंस की टीम के पास दुनिया की शीर्ष टीमों के खिलाफ अपने खेल कौशल और रणनीति को परखने का मौका होगा, जो कि भुवनेश्वर में एचडब्ल्यूएल फाइनल्स में उसके लिए सहायक साबित होगा। साथ ही 2018 विश्व कप में भी उसे इसका लाभ मिलेगा। मेजबान होने के नाते भारत को सीधे जगह मिलेगी जबकि अन्य टीमों के लिए सुनहरा मौका होगा। भुवनेश्वर में दिसंबर में होने वाले फाइनल्स के लिए सात टीमें क्वालीफाई करेंगी।
भारत को समूह ‘बी’ में दुनिया की नंबर चार टीम नीदरलैंड्स, कनाडा, चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान और स्कॉटलैंड के साथ रखा गया है। समूह ‘ए’ में ओलिंपिक चैंपियन अर्जेंटीना, मेजबान इंग्लैंड, कोरिया, चीन और मलेशिया है। भारत को अपना दूसरा मैच 17 जून को कनाडा, 18 को पाकिस्तान और 20 को नीदरलैंड्स के साथ खेलना है।
नियमित कप्तान पीआर श्रीजेश के चोटिल होने के चलते टीम की कमान मनप्रीत को सौंपी गई है। इसके अलावा टीम का दारोमदार उपकप्तान चिंगलेनसेना सिंह, सरदार सिंह, रमनदीप सिंह, एसवी सुनील, तलविंदर सिंह, मनदीप सिंह और आकाशदीप सिंह पर होगा। अन्य मैचों में अर्जेंटीना का सामना कोरिया और इंग्लैंड का चीन से होगा।
रुपिंदर व उथप्पा बाहर : भारत को करारा झटका लगा है, जब उसके स्टार ड्रैग फ्लिकर और डिफेंडर रुपिंदर पाल सिंह और मिडफील्डर एसके उथप्पा बाहर हो गए। रुपिंदर जहां मांसपेशियों में खिंचाव के कारण टूर्नामेंट से बाहर हुए, वहीं उथप्पा परिवार में जरूरी काम के कारण स्वदेश लौट गए हैं।
रुपिंदर की जगह डिफेंडर जसजीत सिंह कुलार को टीम में रखा गया है जो टीम के लिए ड्रैग फ्लिकर का काम भी करेंगे। वह भारत की तरफ से 46 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं और पांच गोल किए हैं। उथप्पा की जगह सुमित लेंगे। उन्होंने 26वें अजलान शाह कप टूर्नामेंट के दौरान सीनियर टीम में पदार्पण किया था। सुमित जूनियर विश्व कप 2016 जीतने वाली टीम के सदस्य थे।

भारतीय शटलर साइना नेहवाल ने इंडोनेशिया सुपर सीरीज प्रीमियर बैडमिंटन चैंपियनशिप में किया धमाकेदार आगाज

तीन बार की चैंपियन भारतीय शटलर साइना नेहवाल ने इंडोनेशिया सुपर सीरीज प्रीमियर बैडमिंटन चैंपियनशिप में धमाकेदार आगाज करते हुए दूसरे दौर में प्रवेश कर लिया।
लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता साइना ने मंगलवार को आठवीं वरीय थाइलैंड की रत्चानोक इंतानोन के खिलाफ पहला गेम हारने के बाद जबरदस्त वापसी करते हुए 17-21, 21-18, 21-12 से जीत दर्ज की।
पिछले सात वर्षों में पहली बार रैंकिंग में शीर्ष दस से बाहर चल रही साइना ने यह मुकाबला 57 मिनट में अपने नाम दर्ज किया। इस जीत के साथ अब दुनिया की 11वें नंबर की खिलाड़ी साइना का रत्चानोक के खिलाफ जीत हार का अंतर 7-5 हो गया।
अगले दौर में हैदराबादी खिलाड़ी की भिड़ंत थाइलैंड की ही निताचोन जिंदापोल से होगा, जिन्होंने कोरिया की किम हयो मिन को 21-16, 21-14 से पराजित किया।
क्वार्टर फाइनल में भारतीय शटलर का सामना दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी ताई त्यू यिंग से हो सकता है। मिक्स्ड डबल्स में बी. सुमित रेड्डी और अश्विनी पोनप्पा की जोड़ी पहले ही दौर में बाहर हो गई।
रेड्डी-पोनप्पा को इंडोनेशिया के फरहान फादहिलाह और वेनी अंगरेनी की जोड़ी से मात्र 29 मिनट में 12-21, 9-21 से शिकस्त का सामना करना पड़ा।
इससे पहले साइना ने मैच में शानदार शुरुआत की और एक समय वह 10-4 की बढ़त बनाए थीं, लेकिन रत्चानोक ने शानदार वापसी करते हुए पहले स्कोर 14-14 से बराबर किया और फिर जल्द ही पहला गेम अपने नाम कर लिया।
दूसरे गेम में भी साइना ने आक्रामक शुरुआत करते हुए जल्द ही 12-7 की बढ़त बना ली। थाइ खिलाड़ी ने दमदार रैलियां लगाकर स्कोर 16-16 से बराबर कर लिया।
इसके बाद साइना ने अपने अपनी क्लास दिखाते हुए गेम जीतकर इसे रोमांचक बना दिया।
निर्णायक सेट में साइना ने गजब का प्रदर्शन करते हुए पहले 8-2 की बढ़त बनाई और फिर उसके बाद प्रतिद्वंद्वी को कोई मौका न देते हुए मैच जीत लिया।

स्पेनिश स्टार राफेल नडाल ने रच दिया दसवीं बार जीतकर खिताब

लाल बजरी के बादशाह राफेल नडाल ने रविवार को रिकॉर्ड दसवीं बार रोलां गैरां का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया। स्पेनिश स्टार नडाल ने पेरिस में खेले गए फ्रेंच ओपन के फाइनल में स्विट्जरलैंड के स्टेन वावरिका को सीधे सेटों में 6-2, 6-3, 6-1 से पराजित कर यह रिकॉर्ड अपने नाम किया।
नडाल ने यह मुकाबला दो घंटे, पांच मिनट में अपने नाम किया। इस जीत के साथ 31 वर्षीय नडाल एक ही ग्रैंड स्लैम ट्रॉफी दस बार जीतने वाले ओपन ऐरा के पहले टेनिस खिलाड़ी बन गए। खिताब के अपने सफर में उन्होंने सात मैच खेले और एक भी सेट नहीं गंवाया, सिर्फ 35 गेम हारे। नडाल यहां एक भी फाइनल नहीं हारे हैं।
बन जाएंगे नंबर दो : इस जीत के साथ नडाल अब दो स्थान के फायदे के साथ दुनिया के नंबर दो खिलाड़ी बन जाएंगे। वह सर्बिया के नोवाक जोकोविक को तीसरे स्थान पर धकेल देंगे।
वावरिका का सपना टूटा : 2015 के चैंपियन वावरिका का दूसरी बार फ्रेंच ओपन ट्रॉफी जीतने का सपना टूट गया। चौथी बार किसी ग्रैंडस्लैम के फाइनल में खेलने वाले वावरिका की यह पहली हार है। इससे पहले खेले गए तीनों फाइनल में वह विजेता बने थे।

राजस्व में कर रहित राशि प्राप्त करने के मामले में भारतीय कप्तान विराट कोहली अपने साथी खिलाड़ी शिखर धवन से पीछे

भारतीय कप्तान विराट कोहली विज्ञापन अनुबंध में सबसे अधिक राशि प्राप्त करने वाले खिलाड़ी हैं, लेकिन बीसीसीआई के राजस्व में कर रहित राशि प्राप्त करने के मामले में वे दिल्ली और टीम इंडिया के अपने साथी खिलाड़ी शिखर धवन से पीछे हैं।
यह राजस्व अंतरराष्ट्रीय मैचों में 2015-16 के दौरान प्राप्त राशि से मिला है। मई में धवन को 87.76 लाख रुपए मिले, जबकि कोहली को 83.07 लाख रुपए मिले। बीसीसीआई ने जिस भी खिलाड़ी को 25 लाख रुपये से ज्यादा राशि प्राप्त हुई उनके बारे में यह जानकारी अपनी वेबसाइट पर जारी की है। इस मामले में तीसरे नंबर पर अजिंक्य रहाणे हैं, जिन्हें 81.06 लाख रुपए मिले हैं। इसके बाद रोहित शर्मा और रविचंद्रन अश्विन का नंबर आता है। दोनों 73.02 लाख की राशि के साथ संयुक्त चौथे स्थान पर हैं। सबसे नीचे वरुण एरोन हैं जिन्हें 32.15 लाख मिले।
खिलाड़ियों को पिछले तीन घरेलू सत्रों की मैच फीस भी मिली। उन्हें न्यूजीलैंड, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के भारत दौरे पर हुई तीन सीरीज की मैच फीस दी गई। कर रहित राशि का हिस्सा देने के अलावा खिलाड़ियों को टेस्ट रैंकिंग में नंबर एक पर रहने के लिए आईसीसी से मिली राशि का भुगतान भी हुआ।
बाएं हाथ के अनुभवी तेज गेंदबाज आशीष नेहरा को आईपीएल 2016 में चोट के मुआवजे के रूप में एक करोड़ 52 लाख रुपये का भुगतान किया गया। प्रशासकों की समिति (सीओए) की सदस्य डायना इडुलजी सहित पांच पूर्व महिला खिलाड़ियों को प्रत्येक को 30 लाख रुपए दिए गए। इनमें अंजुम चोपड़ा, नीतू डेविड, शुभांगी कुलकर्णी और सुधा शाह भी शामिल हैं। इसके अलावा बेंगलुरु स्थिति एनपीए की जमीन का रजिस्ट्रेशन कराने के लिए भी तीन करोड़ रुपएखर्च किए गए।

स्टार स्ट्राइकर सुनील छेत्री फिट होकर जुड़ गए भारतीय टीम से

स्टार स्ट्राइकर सुनील छेत्री फिट होकर भारतीय टीम से जरूर जुड़ गए है, लेकिन वह मंगलवार को निचली रैंकिंग वाली नेपाल की टीम के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दोस्ताना फुटबॉल मैच में नहीं खेलेंगे।
हालांकि, भारतीय टीम यह मैच जीतने की प्रबल दावेदार के रूप में उतरेगी। यह मैच अंधेरी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स पर खेला जायेगा, जहां पिछले सितंबर में प्यूर्टो रिको को 4-0 से हराकर भारत फीफा रैंकिंग में 100वें नंबर पर पहुंचा था। भारतीय टीम पिछले तीन सप्ताह से यहां अभ्यास कर रही है, लेकिन बेंगलुरु एफसी और मोहन बागान के खिलाड़ी क्लब के लिए व्यस्तताओं के कारण उपलब्ध नहीं थे। नेपाल के खिलाफ मैच से ठीक पहले वे शिविर से जुड़ गए।
इस मैच को किर्गीस्तान के खिलाफ अगले सप्ताह होने वाले एएफसी एशियाई कप ग्रुप ‘ए’ क्वालीफायर की तैयारी के लिए अहम माना जा रहा है। राष्ट्रीय कोच स्टीफन कोंस्टेंटाइन ने सुनील के मैच नहीं खेलने की स्थिति पर कहा, ‘सुनील छेत्री फिट हैं, लेकिन वे नेपाल के खिलाफ नहीं खेल पाएंगे। हमने किर्गीस्तान के खिलाफ होने वाले महत्वपूर्ण मैच के चलते उन्हें दोस्ताना मुकाबले में शामिल नहीं किया है। हम सुनील को बचाना चाहते हैं। गुरप्रीत सिंह टीम की अगुआई करेंगे।’
मिडफील्डर यूजीनसन लिंगदोह ने कहा, ‘टीम का मिजाज बहुत अच्छा है। हम लंबे सत्र के बाद देश के लिए खेलकर खुश हैं। यह मैच अहम है, क्योंकि इसके बाद हमें किर्गीस्तान के खिलाफ खेलना है।’ भारतीय टीम को अपने उपयोगी खिलाड़ी उदांता सिंह और सीके विनीत की कमी खलेगी, जो इस मैच में नहीं खेल पाएंगे। भारतीय टीम नेपाल से पिछले 18 वर्षों में अभी तक कोई मैच नहीं हारी है। दोनों टीमें नौ बार एक-दूसरे के आमने-सामने हो चुकी हैं और भारत ने सात मुकाबले अपने नाम किए है, जबकि दो ड्रॉ रहे। इससे पहले ये दोनों टीमें पिछले बार 2015 सैफ चैंपियनशिप में खेली थीं जहां भारत ने नेपाल को 4-1 से शिकस्त दी थी।

भारतीय शटलर बी साई प्रणीत ने थाइलैंड ग्रांप्रि गोल्ड बैडमिंटन स्पर्धा के खिताब पर जमाया कब्जा

भारतीय शटलर बी साई प्रणीत ने अपना स्वप्निल सफर जारी रखते हुए रविवार को थाइलैंड ग्रांप्रि गोल्ड बैडमिंटन स्पर्धा के खिताब पर कब्जा जमाया।
तीसरी वरीय प्रणीत ने चौथी वरीय युवा इंडोनेशियाई खिलाड़ी जोनाथन क्रिस्टी को 17-21, 21-18, 21-19 से शिकस्त देकर ट्रॉफी जीत ली। हाल ही में सिंगापुर ओपन के रूप में अपनी पहला सुपर सीरीज खिताब जीतने वाले प्रणीत का यह पहला ग्रांप्रि खिताब है। जनवरी में खेले गए सैयद मोदी इंटरनेशनल के उपविजेता और दुनिया के 24वें नंबर के खिलाड़ी प्रणीत ने यह मुकाबला एक घंटे 11 मिनट में अपने नाम किया।
क्रिस्टी के नाम रहा पहला गेम : पहले गेम में भारतीय शटलर ने 0-4 से पिछड़ने के बाद जबरदस्त वापसी करते हुए पहले स्कोर 4-4 से बराबर किया और फिर इसे 7-7 कर दिया। एक समय फिर क्रिस्टी 14-11 से बढ़त लिए हुए था, पर प्रणीत ने लगातार तीन अंक जुटाकर स्कोर 14-14 और फिर 17-18 कर दिया। इसके बाद इंडोनेशियाई खिलाड़ी ने लगातार तीन अंक लेकर पहला गेम अपने नाम कर लिया।
प्रणीत ने की वापसी : दूसरे गेम में प्रणीत ने शानदार वापसी करते हुए जल्द ही 5-0 और फिर 9-3 की बढ़त बना ली। हालांकि क्रिस्टी ने फिर अपनी क्लास दिखाते हुए लगातार छह अंक लेकर स्कोर 9-9 कर दिया। इसके बाद दोनों खिलाड़ियों में एक-एक अंक के लिए कड़ी टक्कर हुई और स्कोर 15-15 हो गया, प्रणीत ने इसे 17-15, 17-16 और फिर 20-16 कर दिया। क्रिस्टी ने दो अंक लेकर इसे 18-20 कर दिया, लेकिन इसके बाद प्रणीत ने एक अंक के साथ गेम अपने पक्ष में कर मुकाबले को निर्णायक गेम में पहुंचा दिया।
पिछड़ने के बाद जीते प्रणीत : तीसरे व निर्णायक गेम में क्रिस्टी ने तेजतर्रार शुरुआत करते हुए 8-3 की बढ़त बना ली, लेकिन प्रणीत ने लगातार चार अंक जुटाकर स्कोर 7-8 और 9-9 करने के बाद इसे फिर 17-17 कर दिया। प्रणीत ने लगातार दो अंक लेकर अपनी बढ़त 19-17 कर दी, लेकिन जल्द ही क्रिस्टी ने स्कोर 19-19 कर दिया। इसके बाद प्रणीत ने अपने अनुभव का फायदा उठाते हुए लगातार दो अंक लेकर गेम के साथ ट्रॉफी भी अपने नाम कर ली।