पीवी सिंधु और अवध वारियर्स की साइना नेहवाल आमने-सामने

23 दिसंबर से शुरू होने वाली प्रीमियर बैडमिंटन लीग (पीबीएल) के तीसरे संस्करण के पहले मुकाबले में चेन्नई स्मैशर्स की पीवी सिंधु और अवध वारियर्स की साइना नेहवाल आमने-सामने होंगी। आठ टीमों की लीग के शुरुआती मुकाबले इस संस्करण की नई टीम नॉर्थ ईस्टर्न वॉरियर्स के घर गुवाहाटी में खेले जाएंगे, जो अपना पहला मुकाबला कैरोलिना मारिन की टीम हैदराबाद हंटर्स से खेलेंगे।
23 दिन तक चलने वाली लीग में सारे मुकाबले रात में होंगे, जिससे खिलाड़ियों को अगले मैच के लिए तैयार होने में समय मिल सके। फाइनल मुकाबला 14 जनवरी को हैदराबाद में खेला जाएगा इस लीग में विश्व नंबर एक पुरुष खिलाड़ी विक्टर एक्सेलसन (बेंगलुरु बलास्टर्स) और विश्व की नंबर एक महिला खिलाड़ी ताई जु यिंग (अहमदाबाद स्मैश मास्टर्स) भी इस लीग का हिस्सा होंगी।
चार दिन गुवाहाटी में मुकाबले होने के बाद लीग दिल्ली पहुंचेंगी, जहां पर पांच दिन तक मुकाबले चलेंगे। इसमें दिल्ली डेशर्स को दो मुकाबले घर में खेलने का फायदा मिलेगा। उनका इरादा बेंगलुरु ब्लास्टर्स और हैदराबाद हंटर्स के खिलाफ अधिक से अधिक अंक लेकर सेमीफाइनल में पहुंचने पर होगा।
दिल्ली के बाद लीग लखनऊ पहुंचेंगी, जहां विक्टर एक्सेलसन की टीम बेंगलुरु सान वान हो की मुंबई रॉकेट्स से भिड़ेगी। यहां पर चार दिन तक मुकाबले होंगे। इसके बाद लीग पांच जनवरी को चेन्नई पहुंचेगी और इसके बाद 10 जनवरी को लीग हैदराबाद पहुंचेगी, जहां पर दो लीग मुकाबले होंगे। 12 और 13 जनवरी को सेमीफाइनल मुकाबले होंगे।

भारत व रूस ने किये आतंकरोधी समझौते पर दस्तखत

भारत व रूस ने आतंकरोधी समझौते पर दस्तखत कर दिए हैं। गृह मंत्री राजनाथ सिंह व रूसी के आंतरिक सुरक्षा मंत्री व्लादिमिर कॉलोकोत्सेव की मौजूदगी में यह समझौता परवान चढ़ा। यह अक्टूबर 1993 में हुई संधि का नया रूप है। दोनों देशों में संयुक्त बयान में कहा कि आतंकवाद न तो अच्छा होता है और न ही बुरा। यह केवल आतंकवाद होता है और इससे लड़ने की हर मुमकिन कोशिश होनी चाहिए।
दोनों देशों के बीच तय हुआ कि आतंकवाद से लड़ने के लिए सूचनाओं के आदान प्रदान के साथ पुलिस बलों को प्रशिक्षण देने का काम तेजी से किया जाएगा। रूस व भारत ने इस बात पर खुशी जताई कि 70 सालों से दोनों देशों के संबंध नित नई इबारत लिख रहे हैं। दोनों ने आशा जताई कि दोनों देश भविष्य में एक दूसरे के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे। इस दौरान दोनों ने नारकोटिक्स की तस्करी से पैदा होने वाले खतरों पर भी मंथन किया।
भारत के रूसी राजदूत पंकज सरन व रूस के उप आंतरिक सुरक्षा मंत्री इगोर जुबॉव ने समझौते पर दस्तखत किए। गृह मंत्रालय की तरफ से बताया गया कि दोनों देशों के बीच जो सहमति बनी है उसके बाद आतंकवाद पर करारा प्रहार किया जा सकेगा। अब नई तकनीकों के सहारे खुफिया बल को इस दिशा में लगाया जा सकता है तो सूचनाओं के आदान प्रदान के जरिये आतंकियों की कमर तोड़ी जा सकती है।
गौरतलब है कि राजनाथ सिंह का रूस दौरा सितंबर 2016 में प्रस्तावित था, लेकिन 18 सितंबर को जम्मू-कश्मीर के उड़ी में सैन्य मुख्यालय पर हुए आतंकी हमले के चलते दौरा रद्द कर दिया गया था।

देश के हर कॉल सेंटर का कुछ ऐसा ही हाल

जब कभी उसका क्लाइंट फोन काट देता है, तो वह वॉशरूम जाकर अकेले में रोती है। फिर वह अपनी आंखें धोती है और डेस्क पर वापस आकर फेक अमेरिकी अंग्रेजी में अगली कॉल के लिए तैयार होती है। यह केवल हैदराबाद के एक कॉल सेंटर की कहानी नहीं है, बल्कि देश के हर कॉल सेंटर का कुछ ऐसा ही हाल है।
देश को भले ही कॉल सेंटर्स का हब माना जाने लगा हो, लेकिन देश-विदेश को सर्विस उपलब्ध करा रहे बीपीओ कर्मचारी खासे तनाव में रहते हैं। विदेश से आने वाली कॉल्स पर उन्हें नस्लवादी टिप्पणियों का सामना करना पड़ता है। अमेरिका जैसे देशों के लोग उन्हें ‘जॉब चोर’ तक कह देते हैं।
‘बिजनेस प्रोसेस आउटसोर्सिग (बीपीओ) सेंटर्स इन इंडिया’ की रिपोर्ट के मुताबिक, क्लाइंट से बात करते हुए कर्मचारियों को नस्लवादी गालियां सुननी पड़ती हैं, जो तनाव का कारण बनती हैं। इंग्लैंड की यूनिवर्सिटी ऑफ केंट की श्वेता राजन ने यह रिपोर्ट तैयार की है। वह बताती हैं, ‘यह मंदी के बाद की सच्चाई है। पश्चिमी देशों के क्लाइंट्स का स्वभाव कॉल सेंटर्स वालों के लिए काफी रूखा होता है। यदि उन्हें लगता है कि कॉलर भारतीय है तो उनका सबसे बड़ा डर यह होता है कि ये लोग उनकी नौकरी चुरा रहे हैं और सारी चीजें आउटसोर्स हो रही हैं।’
एक कॉल सेंटर वर्कर ने बताया, ‘अपशब्द यह रोज की बात है, दिन में एक या दो बार। कॉल के बीच में कोई क्लाइंट कहता है, यू इंडियंस!’ रिसर्च रिपोर्ट में बताया गया कि कैसे हालिया अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम ने भी बीपीओ कर्मचारियों को प्रभावित किया है। श्वेता का कहना है कि ब्रेग्जिट और अमेरिका में ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद नस्लभेदी टिप्पणियां बढ़ गई हैं।
90 के दशक में जब विदेशी कंपनियां भारत आई थीं, तब उन्होंने पूरी कोशिश की थी कि कॉलर्स को पता न चल पाए कि उनकी मदद करने वाला कोई भारतीय है। इसका एक कारण यह भी था कि लोग विदेश में बैठे किसी व्यक्ति से मदद लेने के बजाय उनके देश के व्यक्ति से प्रोडक्ट या सर्विस पर मदद लेना चाहेंगे। 90 के दशक में भारतीय कर्मचारियों को अमेरिका तक भेजा गया, ताकि वे वहां बात करने के तौर-तरीके सीख जाएं।

मिस वर्ल्ड 2017 मानुषी छिल्लर ने किए सिद्धिविनायक मंदिर में बप्पा’ के दर्शन

मिस वर्ल्ड 2017 मानुषी छिल्लर ने सोमवार सुबह यहां सिद्धिविनायक मंदिर में ‘गणपति बप्पा’ के दर्शन किए। उनके साथ उनके परिजन भी थे। प्रसिद्ध मराठी अभिनेता और मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष आदेश सी बांदेकर ने बताया, ‘वह यहां सुबह 5ः15 बजे अपने परिवार के साथ दर्शन के लिए पहुंचीं। उन्होंने मंदिर परिसर में कुछ समय बिताया।’
बाद में ट्वीट के जरिये मानुषी ने भी इसकी पुष्टि की। उन्होंने लिखा, ‘मुंबई के दादर (प्रभादेवी) में सिद्धिविनायक मंदिर में भगवान गणेश से आशीर्वाद लिया। मंदिर के आसपास सकारात्मकता थी।’
हरियाणा की मेडिकल की छात्रा मानुषी ने साल 2000 के बाद भारत को यह ताज दिलाया है। उन्होंने हल्के नीले रंग का घाघरा-चोली-दुप्पटा पहना हुआ था। वह भगवा रंग की स्टॉल के साथ माथे पर बड़ा तिलक लगाए हुईं थीं। इस दौरान उनकी मां नीलम छिब्बर, पिता मित्रवासु और भाई भी थे।
मानुषी का जन्म हरियाणा के झज्जर जिले के एक गांव में हुआ है। उनके माता-पिता दोनों डॉक्टर हैं। शनिवार सुबह ही वह स्वदेश लौटी हैं। मुंबई पहुंचने पर उनका यहां अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर जोरदार स्वागत हुआ था।

सेंधवा में दुष्कर्म से जुड़े दो मामले सामने आने के बाद हलचल

सेंधवा जिले में दुष्कर्म से जुड़े दो मामले सामने आने के बाद हलचल मच गई है। मिली जानकारी के मुताबिक बीती 26 नवंबर की रात को वरला थाना क्षेत्र के अंतर्गत पांजरिया गांव में दो आरोपियों ने घर में घुसकर एक विवाहिता के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया।
विवाहित महिला ने आरोप लगाया है कि दोनों आरोपियों ने पहले घर में घुसकर मारपीट की, उसके बाद दुष्कर्म किया। इस वारदात के अंजाम देने वाले दोनों आरोपियों के नाम अब्दुल बारेला और श्रीराम बारेला है, जिनके खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। वहीं दोनों फरार आरोपियों की पुलिस तलाश कर रही है।
इसके अलावा जननी एक्सप्रेस में भी एक आशा कार्यकर्ता के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है। मिली जानकारी की मुताबिक जननी एक्सप्रेस के चालक के भाई ने प्रसव मामले की जानकारी लेने के बहाने आशा कार्यकर्ता को बुलाया और जननी एक्सप्रेस में ही दुषकर्म किया। पुलिस ने बताया कि यह घटना 11 नवंबर की रात 10 बजे हुई। इस मामले में आरोपी के खिलाफ केस कर्ज कर लिया गया है और उसकी तलाश की जा रही है।